Dark Mode
  • Friday, 09 October 2026
वृंदावन ग्राम में उन्नत नस्ल के पशुओं की प्रतियोगिता आयोजित करें : CM Dr. Yadav

वृंदावन ग्राम में उन्नत नस्ल के पशुओं की प्रतियोगिता आयोजित करें : CM Dr. Yadav

भोपाल/मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश में दूध उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए उन्नत नस्ल के पशुपालन को बढ़ावा दिया जाए। पशुपालकों को प्रोत्साहन मिले, इसके लिए वृंदावन ग्राम में पशु प्रतियोगिता का आयोजन करवाया जाए। प्रथम आने वाले पशुपालक को सरकार एक लाख रुपये देगी। द्वितीय आने वाले को 50 हजार रुपये एवं तीसरे स्थान पर आने वाले को 25 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। पुरस्कार का वितरण दीपावली पर गौवर्धन पूजा के अवसर पर किया जाएगा।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बुधवार को रतलाम में आयोजित बलराम कृषि महोत्सव कार्यक्रम को उज्जैन से वर्चुअल संबोधित किया। उन्होंने किसानों से संवाद करते हुए कहा कि रतलाम के किसान खेती में बदलाव के साथ अलग-अलग प्रकार की खेती कर रहे है। किसान अपनी आय बढ़ाने के लिए फसल उत्पादन, प्रोसेसिंग, पशुपालन एवं उद्यानिकी जैसी गतिविधियों को अपना रहे है। किसानों को कृषि क्षेत्र में सशक्त बनाने के लिए विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों के माध्यम से निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सरकार द्वारा सिंचाई का रकबा बढ़ाने के साथ ही पम्प ऊर्जीकरण के लिए 30 लाख किसानों के खेतों पर सोलर सिस्टम लगाने का लक्ष्य रखा गया है। रबी सीजन में सिंचाई के लिए किसानों को दिन में 10 घंटे बिजली उपलब्ध करवाई जाएगी। रतलाम में चंबल के पानी से सिंचाई हो रही है। नदी जोड़ो अभियान से रतलाम के किसानों के जीवन में बदलाव आएगा। एक्सप्रेस-वे के बनने से रतलाम में अच्छी बाजार व्यवस्था उपलब्ध हुई है। रतलाम के किसान बहुउद्देशीय फसलें उगाते हैं। साथ ही प्रोसेसिंग का कार्य भी करते है। रतलाम में अंगूर की खेती और अंगूर की प्रोसेसिंग का व्यवसाय भी अच्छे से चल रहा है। रतलाम स्वर्ण, सेव और उन्नत खेती के लिए प्रसिद्ध है। उन्होंने रतलाम की सेव के साथ ही तेल वाली कचौरी की भी तारीफ की।

उन्नतशील किसानों से किया संवाद

मुख्यमंत्री डॉ. यादव से संवाद करते हुए सरकार की पीएम एफएमई योजना का लाभ लेकर घी के व्यवसाय को यूएस एवं श्रीलंका तक पहुंचाने वाले किसान दिलीप पाटीदार ने कहा कि उन्हें सरकार की योजना के अंतर्गत 30 लाख 10 हजार रुपये की सब्सिडी प्राप्त हुई है। वह बिलोना पद्धति से घी बनाते हैं, जिससे घी की शुद्धता और स्वाद अच्छा होना है जिससे देश के साथ-साथ विदेशों में भी घी की मांग बढ़ी है। इसके लिए उन्होंने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। गुलाब की खेती करने वाले प्रवीण पाटीदार ने भी अपने अनुभव साझा किए।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अमरूद का उत्पादन करने वाले किसान कन्हैयालाल पाटीदार से चर्चा की। कन्हैयालाल ने बताया कि वह कम शुगर वाले वीएनआर, पिंक और रेड डायमंड किस्म के अमरूद का उत्पादन करते हैं। अमरूद को मुंबई, दिल्ली और असम तक के बाजारों में मांग के अनुसार भेजते हैं। जैविक उर्वरक के लिए रिसर्च सेंटर का संचालन करने वाली रेखा व्यास ने अपने जैविक खाद की जानकारी दी। लहसुन-प्याज का उत्पादन करने वाले किसान धर्मेंद्र जाट ने भी मुख्यमंत्री डॉ. यादव से स्थानीय मालवी भाषा में संवाद किया।

कार्यक्रम में किसानों को उन्नत कृषि तकनीक, आधुनिक खेती के तौर-तरीकों और कृषि के साथ-साथ पशुपालन, उद्यानिकी एवं अन्य संबद्ध गतिविधियों को अपनाकर आय के विभिन्न स्रोत विकसित करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। कार्यक्रम में एमएसएमई मंत्री चैतन्य काश्यप, विधायक जावरा डॉ. राजेन्द्र पाण्डेय, विधायक रतलाम ग्रामीण मथुरालाल डामर ने भी संबोधित किया।

Comment / Reply From

You May Also Like

Newsletter

Subscribe to our mailing list to get the new updates!